सड़क दुर्घटना पीड़ितों के लिए वरदान बनी ‘PM RAHAT’ योजना:

*सड़क दुर्घटना पीड़ितों के लिए वरदान बनी ‘PM RAHAT’ योजना:
सारंगढ़-बिलाईगढ़ के सरकारी और निजी अस्पतालों में मिलेगा ₹1.5 लाख तक मुफ्त इलाज*
सारंगढ खबर न्यूज,,सारंगढ—-जिले में सड़क दुर्घटनाओं के दौरान होने वाली असामयिक मृत्यु को रोकने और घायलों को तत्काल चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराने के लिए केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी ‘PM RAHAT’ योजना को प्रभावी ढंग से लागू किया जा रहा है। इस योजना के तहत अब दुर्घटना के पहले ‘गोल्डन आवर’ (दुर्घटना के बाद का पहला 60 मिनट सबसे निर्णायक होता है। यदि इस अवधि के भीतर पीड़ित को उचित चिकित्सा उपचार मिल जाए, तो उसके जीवित बचने की संभावना सबसे अधिक होती है और स्थायी विकलांगता का जोखिम काफी कम हो जाता है )में पीड़ित को बिना किसी अग्रिम भुगतान के उच्च स्तरीय उपचार मिल सकेगा।
क्या है PM RAHAT योजना?
यह एक राष्ट्रीय कैशलेस आपातकालीन उपचार योजना है। इसका मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि वित्तीय अभाव के कारण किसी भी सड़क दुर्घटना पीड़ित की जान न जाए। जिले की किसी भी सड़क (राष्ट्रीय राजमार्ग, राजकीय मार्ग या ग्रामीण सड़क) पर होने वाली दुर्घटना के पीड़ित इस योजना के पात्र हैं।
योजना की मुख्य विशेषताएं:
कैशलेस उपचार: दुर्घटना के बाद 7 दिनों तक अधिकतम ₹1.5 लाख तक का निःशुल्क इलाज।
गोल्डन आवर पर फोकस: दुर्घटना के तुरंत बाद मिलने वाली चिकित्सा को प्राथमिकता।
त्वरित सहायता: आपातकालीन हेल्पलाइन नंबर 112 के माध्यम से एम्बुलेंस और नजदीकी सूचीबद्ध अस्पताल की जानकारी।
बिना पहचान के भी इलाज: यदि पीड़ित के पास आयुष्मान कार्ड या पहचान पत्र न भी हो, तब भी तत्काल उपचार शुरू किया जाएगा।
सारंगढ़-बिलाईगढ़ के सूचीबद्ध (Empanelled) अस्पताल
योजना के सफल क्रियान्वयन के लिए जिले के सभी प्रमुख शासकीय अस्पतालों और चिन्हांकित निजी अस्पतालों को पैनल में शामिल किया गया है।
1. समस्त शासकीय अस्पताल:
जिला अस्पताल, सारंगढ़।
समस्त सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) – बिलाईगढ़, बरमकेला आदि।
सभी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (PHC)।
2. चिन्हांकित निजी अस्पताल (आयुष्मान/PM-JAY से संबद्ध):
जिले के वे प्रमुख निजी अस्पताल जो पूर्व से आयुष्मान भारत योजना के अंतर्गत पंजीकृत हैं, वे इस योजना में भी सेवाएं देंगे।
मुख्य रूप से शामिल हैं:
1. श्री राधाकृष्ण मल्टीस्पेशलिटी हॉस्पिटल सारंगढ
2. पटेल हॉस्पिटल एव डायग्नोस्टिक सेंटर बरमकेला
3. ए. डी. वैष्णव स्मृति चिकित्सालय भटगांव
4. आर.एस.एम. हॉस्पिटल बंधापली सारंगढ
कैसे काम करेगी यह व्यवस्था?
दुर्घटना की सूचना मिलते ही 112 की टीम पीड़ित को नजदीकी सूचीबद्ध अस्पताल पहुंचाएगी। अस्पताल को पुलिस वेरिफिकेशन (eDAR पोर्टल के माध्यम से) 24 से 48 घंटों के भीतर प्राप्त हो जाएगा, जिससे अस्पताल को भुगतान की गारंटी सरकार द्वारा दी जाएगी। इसके लिए मरीज को अपनी जेब से एक रुपया भी खर्च करने की आवश्यकता नहीं होगी।
कलेक्टर डॉ संजय कन्नौजे : “जिला प्रशासन का लक्ष्य है कि जिले की सीमाओं के भीतर होने वाली हर दुर्घटना में पीड़ित को समय पर उपचार मिले। सभी निजी अस्पतालों को निर्देशित किया गया है कि वे PM RAHAT के तहत आने वाले मरीजों को प्राथमिकता के आधार पर उपचार दें।”



