बरमकेला अपेक्स बैंक में समितियों के 18 करोड़ का गबन : 4 सालों का ऑडिट जारी,

सारंगढ खबर न्यूज। अपेक्स बैंक बरमकेला में 18.13 करोड़ गबन का मामला फिर से विधानसभा में गूंजा है। सारंगढ़ विधायक उत्तरी गनपत जांगड़े ने पूछा कि किसानों के नाम फर्जी ऋण चढ़ाने वाले अधिकारियों, कर्मचारियों और समिति प्रबंधकों पर क्या कार्रवाई की गई। इस पर सहकारिता मंत्री ने जवाब दिया कि वर्ष 21-22 से 24-25 तक विशेष ऑडिट चल रहा है। समिति प्रबंधकों की संलिप्तता पाए जाने पर उनके विरुद्ध विधिक कार्रवाई की जाएगी। इस केस में जितनी भूमिका बैंककर्मियों की है उतनी ही भूमिका समिति प्रबंधकों की भी है।सारंगढ़ और बरमकेला क्षेत्र की 17 समितियों में जिले का अब तक सबसे बड़ा घोटाला पकड़ा गया है। अपेक्स बैंक, सहकारी समिति प्रबंधकों ने मिलीभगत से 18.13 करोड़ के वारे-न्यारे कर लिए।
अलग-अलग बैंक एकाउंट से सेंधमारी करके रुपए निकाल लिए गए। किसानों के नाम पर समिति के खाते से करोड़ों रुपए का गबन कर लिया गया। बरमकेला ब्रांच के पूर्व शाखा प्रबंधक अधिकारी डीआर वाघमारे, मीनाक्षी मांझी लेखाधिकारी और लिपिक आशीष पटेल के अलावा पांच आउटसोर्सिंग कर्मचारियों लिकेश कुमार बैरागी, रमाकांत श्रीवास्तव, अरुण चंद्राकर, खीरदास महंत और बालकृष्ण कर्ष को बर्खास्त कर दिया गया है। इसके अलावा सारंगढ़ ब्रांच मैनेजर एसके साहू और लिपिक हेमंत चौहान को भी सस्पेंड का उनके विरुद्ध भी एफआईआर दर्ज करने का आदेश दिया गया है। इस कारनामे में पूरी रकम आपस में बांटी गई है जिसके सबूत ईओडब्ल्यू ढूंढ लेगा।
अपने निजी बैंक आईडी का दुरुपयोग करते हुए समिति तथा बैंक के राशि का सुनियोजित तरीके से गबन किया गया। प्रारंभिक जांच में पता चला था कि 1 अप्रैल 2024 से 6 नवंबर 2024 तक समिति बड़े नवापारा, बरमकेला, बोंदा, दुलोपाली, लेंध्रा, लोधिया, लुकापारा, साल्हेओना, सरिया, तौसीर, देवगांव, गोबरसिंघा, कालाखूंटा, कंठीपाली, करनपाली, कुम्हारी एवं पंचधार के केसीसी खातों को नामे कर कुल 887 किसानों के डीएमआर कैश, काइंड खातों को निरंक किया गया है। 9,91,20,877 रुपए को दूसरे खातों में आईएमपीएस ट्रांजेक्शन कर नकद आहरण किया गया। बाद में ऑडिट हुआ तो तीन साल का गबन 18.13 करोड़ पहुंच गया। बरमकेला ब्रांच में डीएमआर खातों से निमय विरुद्ध संदिग्ध और नकद आहरण किया गया। समितियों के केसीसी खातों को अनाधिकृत रूप से नामे कर राशि अंतरण की गई।
राशि वसूली के लिए प्रतिवेदन जरूरी
ब्रांच मैनेजर अरविंद शुक्ला की शिकायत पर बरमकेला थाने में पूर्व शाखा प्रबंधक अधिकारी डीआर वाघमारे, मीनाक्षी मांझी लेखाधिकारी और लिपिक आशीष पटेल, आउटसोर्सिंग स्टाफ कम्प्यूटर ऑपरेटर रमाकांत श्रीवास, कम्प्यूटर ऑपरेटर लिकेश बैरागी, गार्ड अरुण चंद्राकर, खीरदास महंत और बालकृष्ण कर्ष के विरुद्ध बीएनएस की धारा 3 (5), 316 (5), 318 (4), 336 (3), 338 और 340 (2) के तहत अपराध दर्ज किया गया था। इसके अलावा सारंगढ़ ब्रांच पूर्व मैनेजर एसके साहू और लेखापाल हेमंत कुमार चौहान के विरुद्ध भी एफआईआर दर्ज की जानी है। अपेक्स बैंक मुख्यालय को गबन की जानकारी पहले ही मिल गई थी। बताया जा रहा है कि कुछ स्थानीय कर्मचारियों के माध्यम से गबन की राशि में से हिस्सा भी लिया गया।



