प्रत्येक हितग्राही से संपर्क कर आवास निर्माण में तेजी लाएं तकनीकी सहायक — श्री ऋषिकेश तिवारी

सीईओ जिला पंचायत श्री ऋषिकेश तिवारी ने ली निर्माण कार्यों की समीक्षा बैठक: 15 दिनों के भीतर प्रगति लाने के सख्त निर्देश, लापरवाही पर होगी कड़ी कार्रवाई
प्रत्येक हितग्राही से संपर्क कर आवास निर्माण में तेजी लाएं तकनीकी सहायक — श्री ऋषिकेश तिवारी
सारंगढ़-बिलाईगढ़:
जिला पंचायत सारंगढ़-बिलाईगढ़ के मुख्य कार्यपालन अधिकारी (सीईओ) श्री ऋषिकेश तिवारी की अध्यक्षता में मंगलवार, 03 नवंबर 2026 को जिला पंचायत सभागार में एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) सहित जिले में विभिन्न मदों एवं योजनाओं के अंतर्गत स्वीकृत निर्माण कार्यों की भौतिक प्रगति की गहन समीक्षा की गई।
15 दिवस के भीतर प्रगति दिखाने का अल्टीमेटम
समीक्षा बैठक के दौरान जिला पंचायत सीईओ श्री तिवारी ने निर्माण कार्यों की धीमी गति पर नाराजगी व्यक्त करते हुए स्पष्ट निर्देश दिए कि आगामी 15 दिवस के भीतर सभी मदों एवं योजनाओं के निर्माण कार्यों में लक्षित प्रगति अनिवार्य रूप से दिखाई देनी चाहिए। उन्होंने अधिकारियों और मैदानी अमले को दो टूक लहजे में चेतावनी दी कि निर्धारित समय-सीमा में प्रगति न लाने की स्थिति में संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों की सीधी जवाबदेही तय की जाएगी और उनके विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
हितग्राहियों से सीधा संपर्क कर आवास पूर्ण कराने के निर्देश
प्रधानमंत्री आवास योजना की प्रगति की समीक्षा करते हुए श्री तिवारी ने तकनीकी सहायकों (TAs) को निर्देशित किया कि वे केवल कागजी प्रगति तक सीमित न रहें, बल्कि फील्ड स्तर पर सक्रियता बढ़ाएं। सभी तकनीकी सहायक एक-एक आवास के हितग्राही से व्यक्तिगत संपर्क स्थापित करें, निर्माण के दौरान आ रही उनकी व्यावहारिक समस्याओं का समाधान निकालें तथा उन्हें प्रेरित कर जल्द से जल्द आवास निर्माण पूर्ण कराएं।
समीक्षा बैठक में यह अमला रहा उपस्थित
बैठक में जिले के समस्त जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारी (जनपद सीईओ), कार्यपालन अभियंता (ग्रामीण यांत्रिकी सेवा), प्रभारी APO आवास, APO VBGRAMG, प्रभारी DC आवास,अनुविभागीय अधिकारी (एसडीओ – आरईएस), कार्यक्रम अधिकारी (POs), वीबी-जीराम जी शाखा, उप अभियंता (सब इंजीनियर), ब्लॉक आवास समन्वयक (BCs) तथा तकनीकी सहायक उपस्थित रहे। बैठक में सभी अधिकारियों को आपसी समन्वय स्थापित कर स्वीकृत कार्यों को गुणवत्ता के साथ समय-सीमा में पूर्ण कराने का संकल्प दिलाया गया।



